DB l आम आदमी पार्टी (AAP) को बड़ा राजनीतिक झटका लगने की खबर सामने आई है। पार्टी के नेता राघव चड्ढा ने दावा किया है कि राज्यसभा में AAP के दो-तिहाई से अधिक सांसदों ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) में विलय कर लिया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए कहा कि सात सांसदों ने इस संबंध में दस्तावेज पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसे राज्यसभा के सभापति को सौंप दिया गया है।
राघव चड्ढा के अनुसार, उन्होंने खुद दो अन्य सांसदों के साथ व्यक्तिगत रूप से हस्ताक्षरित दस्तावेज जमा किए हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि इस प्रक्रिया में स्वाति मालीवाल और हरभजन सिंह भी उनके साथ हैं। इसके अलावा बलबीर सिंह सीचेवाल और विक्रमजीत सिंह साहनी के भी बीजेपी में शामिल होने की संभावना जताई जा रही है।

इस घटनाक्रम को खास तौर पर पंजाब की राजनीति के संदर्भ में महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि ये सभी सांसद पंजाब से आते हैं। ऐसे में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले AAP के लिए यह बड़ा झटका साबित हो सकता है।
वहीं, बीजेपी की ओर से भी इस मुद्दे पर संकेत मिले हैं। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की एक पोस्ट के मुताबिक, राघव चड्ढा, अशोक मित्तल और संदीप पाठक ने बीजेपी की सदस्यता ले ली है, जबकि हरभजन सिंह, स्वाति मालीवाल, विक्रम साहनी और राजिंदर गुप्ता जल्द ही पार्टी में शामिल हो सकते हैं।
राज्यसभा के सभापति ने सांसदों के बीजेपी में विलय के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है, जिससे यह राजनीतिक बदलाव आधिकारिक हो गया है। इसके साथ ही उच्च सदन में भाजपा की संख्या बढ़कर 113 पहुंच गई है, जबकि आम आदमी पार्टी की ताकत घटकर महज 3 सांसद रह गई है। कांग्रेस के पास फिलहाल 29 राज्यसभा सांसद हैं।
इस फैसले ने संसद की सियासी गणित को पूरी तरह बदल दिया है और आने वाले समय में इसका असर राष्ट्रीय राजनीति के साथ-साथ 2027 के विधानसभा चुनावों पर भी साफ तौर पर देखने को मिल सकता है।
