जबलपुर। अमित बैरागी की बरामदगी के लिए कोर्ट ने मांगी स्टेटस रिपोर्ट, 17 जुलाई तक पेश करने के निर्देश।
मध्य प्रदेश के जबलपुर में खटवानी मोटर्स के मैनेजर अमित बैरागी के रहस्यमयी तरीके से लापता होने का मामला अब हाईकोर्ट पहुंच गया है। परिजनों द्वारा जबलपुर हाईकोर्ट में दायर बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर सुनवाई करते हुए एक्टिंग चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा और जस्टिस विनय सराफ की डिवीजन बेंच ने पुलिस अधीक्षक जबलपुर, संबंधित थाना प्रभारी और खटवानी मोटर्स के मालिक रोहित खटवानी को नोटिस जारी कर 17 जुलाई तक स्थिति रिपोर्ट (Status Report) प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
अमित जबलपुर और शहडोल दोनों ब्रांच का काम संभालता था। जबलपुर एएसपी सूर्यकांत शर्मा ने बताया कि मंगलवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय में हुई जनसुनवाई में सुमित कुमार मलिक नाम के एक आवेदक आए थे। उन्होंने अपने आवेदन में जिक्र किया है कि उनका साला अमित कुमार बैरागी अनूपपुर का रहने वाला है, जो खटवानी मोर्टस पर मैनेजर के रूप में कार्यरत था।
शिकायतकर्ता का कहना है कि कुछ पुराने वाहनों के नंबर प्लेट बदलकर, या उसमे डेंटिग-पेंटिंग करके इसको बेचने का धंधा इससे करवाया जाता था। अमित के साले ने अपनी शिकायत में बताया कि कुछ पैसा लेकर वो अनूपपुर से चला था। 29 जून के बाद से उसका मोबाइल बंद बता रहा है। आज तक उसका कोई पता नहीं चला है, यह सभी बाते आवेदन पर लिखी है।
याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता अभिषेक पांडे ने पक्ष रखा और आरोप लगाया कि कंपनी द्वारा अवैध गतिविधियों में शामिल होने के लिए अमित पर दबाव बनाया जा रहा था। इस दबाव का विरोध करने पर उसके साथ साजिश रची गई और अब वह 29 जून से लापता है।
परिजनों ने इसे सुनियोजित अपहरण करार देते हुए न्याय की गुहार लगाई है। कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए गायब व्यक्ति को अगली सुनवाई तक प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए हैं।
