भारत में एक बार फिर कोविड-19 के मामलों में वृद्धि देखी जा रही है। हाल ही में दो नए वेरिएंट्स, NB.1.8.1 और LF.7, केरल, तमिलनाडु, महाराष्ट्र और गुजरात जैसे राज्यों में पाए गए हैं, जो इस वृद्धि के लिए जिम्मेदार माने जा रहे हैं ।
महाराष्ट्र में कोविड-19 के मामलों में हल्के लक्षणों के साथ वृद्धि देखी जा रही है। राज्य स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों से घबराने की बजाय सावधानी बरतने की अपील की है, जैसे मास्क पहनना, हाथ धोना और भीड़-भाड़ से बचना ।
दिल्ली में भी सक्रिय मामलों की संख्या 100 के पार पहुंच गई है, जबकि केरल और महाराष्ट्र में सक्रिय संक्रमणों की संख्या अधिक है। हालांकि, अधिकांश मामलों में लक्षण हल्के हैं और अस्पताल में भर्ती की आवश्यकता नहीं है ।
विशेषज्ञों का कहना है कि वायरस अब एंडेमिक चरण की ओर बढ़ रहा है, यानी यह लगातार मौजूद रहेगा लेकिन नियंत्रित रहेगा। इसलिए, सतर्कता बनाए रखना और कोविड-उपयुक्त व्यवहार अपनाना जरूरी है ।
नागरिकों से अपील की जाती है कि वे घबराएं नहीं, लेकिन सावधानी बरतें और स्वास्थ्य विभाग की गाइडलाइनों का पालन करें।
महाराष्ट्र में कोविड-19 के सक्रिय मामलों की संख्या में वृद्धि देखी जा रही है। राज्य में रविवार को 43 नए मामले सामने आए, जिससे सक्रिय मामलों की कुल संख्या 209 तक पहुँच गई है। मुंबई में 35 नए मामले दर्ज किए गए, जिससे मई महीने में अब तक कुल 242 मामले हो गए हैं। हालांकि, चिकित्सा विशेषज्ञों का कहना है कि कोविड-19 अब सामान्य वायरल संक्रमणों की तरह व्यवहार कर रहा है, और सार्वजनिक घबराहट की कोई आवश्यकता नहीं है ।
केरल में कोविड-19 के सक्रिय मामलों की संख्या में भी वृद्धि देखी जा रही है।
राज्य में मई 2025 तक कुल 273 नए मामले सामने आए हैं, जिससे सक्रिय मामलों की संख्या बढ़ी है। स्वास्थ्य अधिकारियों ने संक्रमणों की बढ़ती संख्या को देखते हुए सतर्कता बढ़ाने की सलाह दी है ।
