DB l मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले में अंधविश्वास के नाम पर एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है। ग्राम भिकमपुर में जादू-टोने के शक में गांव की एक बुजुर्ग महिला को पंचायत में बुलाकर बेरहमी से पीटा गया। पीड़िता बुद्धो बाई और उनके पति मीरज लाल वर्मन ने थाने पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई है।
घटना 24 नवंबर की रात की बताई जा रही है, जब गांव के महंत वर्मन ने बुद्धो बाई को पंचायत में बुलाया। पंचायत में उन पर गंभीर आरोप लगाए गए कि वे नींबू-सिंदूर लेकर आती हैं, रात में गांव की एक बच्ची को सपनों में दिखाई देती हैं और उसे उठाकर ले जाने की कोशिश करती हैं। आरोप लगाया गया कि वह बच्ची से नल से पानी भी भरवाती हैं। आरोप लगते ही पंचायत में बैठे लोगों ने बिना किसी प्रमाण के खुद ही न्याय करने का फैसला किया और महिला को जमीन पर लिटाकर लाठी-डंडों से मारना शुरू कर दिया।

पीड़िता के अनुसार, भीड़ ने उन्हें पैरों से कुचल-कुचलकर इतना मारा कि पूरे शरीर पर गंभीर चोटें आ गईं। वह बार-बार अपनी बेगुनाही की गुहार लगाती रहीं लेकिन किसी ने उनकी बात नहीं सुनी। घटना के दौरान पंचायत में मौजूद लोग तमाशबीन बने रहे। पीड़िता के पति उस समय घर पर नहीं थे। सुबह जब महंत और उसके परिवार के लोग उनके घर पहुंचे और महिला पर जादू-टोने का आरोप लगाया, तो पति ने विरोध किया, जिसके बाद उनके साथ भी मारपीट की गई।
थाना प्रभारी अभिषेक प्यासी ने पुष्टि की कि महंत वर्मन, कालूराम वर्मन और शिशुपाल राजू वर्मन के खिलाफ धारा 296, 115(2), 351(2)(3)(5) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने बताया कि पूरा मामला अंधविश्वास और बच्ची के एक सपने पर आधारित था। फिलहाल जांच जारी है और आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
