जबलपुर। कलेक्टर दीपक सक्सेना के निर्देश पर खाद्य पदार्थों तथा दूध एवं इससे बने उत्पादों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए किए गए आकस्मिक निरीक्षण के दौरान छोटी खैरी करोंदा नाला, पनागर रोड स्थित बनारसी डेयरी में गंभीर अनियमितताएँ पाई गईं। डेयरी में गंदगी और अस्वास्थ्यकर परिस्थितियों के बीच दूध का संग्रहण किया जा रहा था, जिसे देखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग ने तत्काल प्रभाव से डेयरी का खाद्य पंजीयन निलंबित कर दिया है।
इस निरीक्षण की कार्रवाई खाद्य सुरक्षा अधिकारी देवेंद्र कुमार दुबे द्वारा की गई। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि दूध संग्रहण के लिए उपयोग में लाए जा रहे ड्रम और केनों पर भारी मात्रा में मक्खियाँ जमी थीं। डेयरी परिसर की स्वच्छता व्यवस्था बेहद दयनीय थी, जो सीधे तौर पर उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के लिए खतरा बन सकती थी।
श्री दुबे ने जानकारी दी कि यह कार्रवाई खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम, 2006 के तहत अनुसूची-4 में वर्णित स्वच्छता प्रावधानों और पंजीयन की शर्तों का पालन नहीं करने के कारण की गई है। लोक स्वास्थ्य के हित को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है।
अधिकारी के अनुसार, अधिनियम की धारा 31 के अंतर्गत पंजीयन के निलंबन की अवधि में बनारसी डेयरी में किसी भी प्रकार का खाद्य कारोबार पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगा।
