DB l भोपाल में 500 के जाली नोटों का बड़ा खेल, पुलिस ने दबोचा मास्टरमाइंडl
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में नकली नोटों का बड़ा मामला उजागर हुआ है। पिपलानी थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है, जो अपने ही घर को नकली नोटों की ’मिनी फैक्ट्री’ में बदलकर लंबे समय से 500 रुपये के जाली नोट छाप रहा था। आरोपी की पहचान विवेक यादव के रूप में हुई है, जो पहले एक प्रिंटिंग प्रेस में काम करता था। इसी अनुभव का फायदा उठाकर उसने घर पर नोट छापने का पूरा सेटअप तैयार कर लिया।
पुलिस ने छापेमारी के दौरान आरोपी के घर से करीब ढाई लाख रुपये के नकली 500 के नोट बरामद किए हैं। साथ ही प्रिंटर, स्पेशल पेपर, डाई, कटिंग टूल्स और कई तरह की मशीनें जब्त की गई हैं। बरामद नोटों की क्वालिटी देखकर पुलिस भी हैरान रह गई, क्योंकि इन नोटों को असली और नकली में पहचानना आम नागरिकों के लिए मुश्किल था।

जोन-2 के एडीसीपी गौतम सोलंकी ने बताया कि आरोपी लंबे समय से यह काम कर रहा था और नकली नोट बाजार में खपाने के लिए एक अलग नेटवर्क भी बना लिया था। अभी यह स्पष्ट नहीं है कि उसके साथ और कौन लोग जुड़े थे। पुलिस उसके मोबाइल, बैंक ट्रांजैक्शन और कॉल डिटेल्स खंगाल रही है ताकि पता लगाया जा सके कि यह नेटवर्क कितना बड़ा था।
पुलिस को शक है कि आरोपी शहर के कई इलाकों में छोटी दुकानों, पेट्रोल पंपों और भीड़भाड़ वाले बाजारों में नकली नोट चलाता था। यह भी आशंका जताई जा रही है कि इसके पीछे कोई बड़ा गिरोह भी सक्रिय हो सकता है, जो भोपाल से बाहर के जिलों में भी नकली नोट सप्लाई करता हो।
फिलहाल आरोपी को रिमांड पर लेकर पूछताछ जारी है और पुलिस इस पूरे नकली नोट रैकेट को जड़ से खत्म करने की कोशिश में है। यह मामला सामने आने के बाद शहर में चिंता का माहौल है। नकली नोटों की इतनी बड़ी खेप मिलने से आम लोगों में डर बढ़ गया है कि कहीं रोजमर्रा के लेन-देन में उन्हें भी ठगे जाने का खतरा न हो। पुलिस का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई न होती, तो ये जाली 500 के नोट बाजार में बड़ी संख्या में फैलकर आम जनता, छोटे दुकानदारों और व्यापारियों को भारी आर्थिक नुकसान पहुंचा सकते थे।
